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संत पापा फ्राँसिस \ मिस्सा व प्रवचन

रेजिना चेली कैदखाने में संत पापा का प्रवचन

रेजिना चेली में कैदियों के साथ प्रभु के अंतिम व्यारी की यादगारी मनाते संत पापा - AP

30/03/2018 10:25

वाटिकन सिटी, शुक्रवार, 30 मार्च 2018 (रेई)˸ संत पापा फ्राँसिस ने पुण्य बृहस्पतिवार को रोम स्थित रेजिना चेली कैदखाने में कैदियों के साथ प्रभु के अंतिम भोज की धर्मविधि सम्पन्न की।

उन्होंने प्रवचन में कहा, "येसु ने कहा, मैंने तुम्हें उदाहरण दिया है जिससे जैसा मैंने तुम्हारे साथ किया है वैसे तुम भी किया करो।" (यो. 13: 15).

संत पापा ने कहा, "उस समय पैर केवल दासों द्वारा धोया जाता था। यह दासों का काम था। लोग सड़क पर चलते थे जहाँ डामर लगाया हुआ नहीं था और न ही पत्थर बिछाया गया था। उस समय रास्ते धूल से भरे होते थे और लोगों के पैर धूल धूसरित हो जाते थे। घर के द्वार पर दासों को रखा जाता था जो लोगों के पैरों की सफाई करते थे। इस प्रकार यह दासों की नौकरी थी किन्तु यह एक सेवा थी जो दासों के द्वारा प्रदान की जाती थी। येसु ने इस सेवा को करना चाहा तकि हमें एक दूसरे की सेवा करने का उदाहरण दे सकें।

एक बार, जब वे रास्ते पर थे, दो शिष्य जो अपने व्यवसाय की तलाश कर रहे थे येसु के दायें और बायें महत्वपूर्ण स्थान प्राप्त करने की इच्छा जाहिर की। येसु ने उन्हें स्नेह से देखा और कहा, "तुम नहीं जानते कि तुम क्या मांग रहे हो।" राष्ट्र के नेता अपनी सेवा का आदेश देते हैं और वे इससे खुश होते हैं। हम उस समय के राजाओं पर गौर करें, उन सम्राठों की याद करें जिन्होंने दासों का प्रयोग किया। वे जो आदेश देते थे उन्हें किसी भी हालत में उसे पूरा करना पड़ता था। येसु ने "तुम्हारे नेता तुम्हारे सेवक बनें," कहकर उस युग के इतिहासिक एवं संस्कृतिक आदतों को पलट दिया। आज भी जो व्यक्ति एक अच्छा नेता बनना चाहता है उसे सेवा करना चाहिए।

संत पापा ने कहा कि यदि उन राजाओं, सम्राठों एवं नेताओं ने येसु की शिक्षा को समझा लिया होता एवं निर्दयी होकर लोगों को मार डालने के बजाय येसु के उदाहरणों को अपनाया होता तो युद्ध नहीं होते। सेवा के मनोभाव को यद्यपि कई लोग स्वीकार नहीं करते हैं, जैसे धनी लोग, दूसरों को घृणा की नजर से देखने वाले लोग एवं दूसरों की बुराई चाहने वाले लोग किन्तु हम ऐसे ही लोगों की सेवा करने के लिए बुलाये गये हैं। कई लोग पीड़ित हैं, समाज द्वारा बहिष्कृत हैं उन लोगों के पास येसु जाकर कहते हैं, तुम मेरे लिए मूल्यवान हो।

संत पापा ने कहा, "येसु सेवा करने आये और वे आज भी सेवा करते हैं उसका चिन्ह है रेजिना चेली कैदखाना। 12 प्रेरितों के समान उन्होंने आपके पैर धोने के लिए आप में से बारह को चुना है। येसु हम सभी के लिए जोखिम उठाते हैं। येसु पिलातुस नहीं येसु ही पुकारे जाते हैं। वे उनके हाथ नहीं पाँव धोते हैं। वे जानते हैं कि किस तरह जोखिम उठाना है वे कांटों के बीच झुककर, घायल होने के खतरे के बीच खोये हुए भेड़ को बचाते हैं।"

संत पापा ने कहा, "आज मैं जो एक पापी हूँ किन्तु येसु का प्रतिनिधित्व करता हूँ मैं उनका संदेशवाहक हूँ।" आज जब मैं आप प्रत्येक के सामने झुकता हूँ तो सोचता हूँ कि येसु इस व्यक्ति के माध्यम से लोगों के लिए जोखिम उठाते हैं, एक पापी को यह बतलाने के लिए कि वे उन्हें प्यार करते हैं। यही सेवा है, येसु द्वारा सिखलायी गयी सेवा। वे हमें कभी नहीं छोड़ते, वे हमें माफ करने से कभी नहीं थकते। वे हमें बहुत अधिक प्यार करते हैं।

संत पापा ने इन्हीं मनोभवों के साथ ख्रीस्तयाग समारोह में भाग लेने हेतु सभी कैदियों को निमंत्रण दिया तथा कहा कि यह समारोह एक प्रतीक है। अपना शरीर एवं रक्त अर्पित करने के पूर्व येसु ने हम प्रत्येक के लिए जोखिम उठाया, सेवा का खतरा मोला क्योंकि वे हमें बहुत अधिक प्यार करते हैं।


(Usha Tirkey)

30/03/2018 10:25