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रेडियो वाटिकन

विश्व के साथ संवाद करती संत पापा एवं कलीसिया की आवाज़

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कलीसिया \ विश्व की कलीसिया

ज़रूरतमन्दों के प्रति कलीसिया का मातृत्व कार्य जारी रहे, सन्त पापा फ्राँसिस

ढाका के मदर तेरेसा आश्रम में बीमारों से मुलाकात करते सन्त पापा फ्राँसिस, 02.12.2017 - ANSA

09/02/2018 11:24

वाटिकन सिटी, शुक्रवार, 9 फरवरी 2018 (रेई, वाटिकन रेडियो): सन्त पापा फ्राँसिस ने कहा है कि ज़रूरतमन्दों के प्रति कलीसिया की प्रेरिताई को अनवरत जारी रखा जाना चाहिये।

26 वें विश्व रोगी दिवस के उपलक्ष्य में जारी अपने सन्देश में सन्त पापा फ्राँसिस ने स्मरण दिलाया कि विगत दो हज़ार वर्षों के अन्तराल में ज़रूरतमन्दों के प्रति कलीसिया की उदारता रोगियों की ठोस सेवा में अभिव्यक्त हुई है।

प्रति वर्ष 11 फरवरी को, लूर्द की रानी मरियम के पर्व दिवस पर, सार्वभौमिक काथलिक कलीसिया विश्व रोगी दिवस मनाती है।

सन्त पापा ने कहा कि विश्व के विभिन्न राष्ट्रों में किये गये समर्पण और उदारता के इतिहास को कायम रखा जाना ज़रूरी है जिसके अन्तर्गत काथलिक धर्मसमाजियों एवं धर्मप्रान्तों द्वारा संचालित अस्पतालों में उच्च स्तरीय स्वास्थ्य सेवाओं के साथ-साथ ख्रीस्तीय मूल्यों पर आधारित वैज्ञानिक अनुसन्धानों को भी जारी रखा जाना चाहिये।

सन्त पापा ने समस्त काथलिक स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं का आह्वान किया कि वे काथलिक अस्पतालों एवं चिकित्सालयों के संस्थापकों के आदर्शों पर चल कर रोगियों का उपचार करें तथा व्यावसायिकता की मानसिकता से नहीं अपितु प्रत्येक रोगी की प्रतिष्ठा का सम्मान करते हुए उदारता एवं समर्पण के साथ अपने दायित्वों का निर्वाह करें।

सन्त पापा फ्राँसिस ने स्मरण दिलाया कि प्रभु येसु ख्रीस्त ने कलीसिया को चंगाई का वरदान दिया है इसलिये रोगियों के पक्ष में काथलिक कलीसिया का मिशन येसु ख्रीस्त के वरदान का प्रत्युत्तर है। उन्होंने कहा, "कलीसिया इस तथ्य से परिचित है कि उसे येसु की दया एवं करुणा को रोगी तक पहुँचाना है।"  

सन्त पापा ने उन परिवारों की भी सराहना की जो धैर्यपूर्वक अपने परिवारों के असाध्य रोगियों एवं  विकलांगो की सेवा करते हैं। उन्होंने कहा, "परिवारों के भीतर अर्पित सेवा मानव व्यक्ति एवं मानव जीवन के प्रति प्रेम का अनमोल साक्ष्य है।" 

सभी रोगियों एवं पीड़ितों को माँ मरियम के संरक्षण के सिपुर्द करते हुए सन्त पापा ने प्रार्थना की कि इन ज़रूरतमन्दों की सेवा करनेवाले समस्त लोग सुसमाचार से सम्बल प्राप्त करते हुए प्रेम एवं सेवा के भाव से परिपूरित होकर अपनी बुलाहट का निर्वाह करें। 


(Juliet Genevive Christopher)

09/02/2018 11:24