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मिशनरियों के विरोध में मशाल प्रदर्शन के बाद ख्रीस्तीयों ने सुरक्षा की अपील की

प्रतीकात्मक तस्वीर - REUTERS

16/11/2017 15:30

भोपाल, बृहस्पतिवार, 16 नवम्बर 2017 (ऊकान): भारत के मध्यप्रदेश राज्य में हिन्दू चरमपंथियों द्वारा जलती मशालों एवं ख्रीस्तीय मिशनरियों पर आरोप लगाते हुए किये गये जुलूस के मद्देनजर सागर के धर्माध्यक्ष अंतोनी चिरायाथ ने ख्रीस्तीय समुदायों की रक्षा हेतु सरकारी अधिकारियों से अपील की है।

सागर जिला में 10 नवम्बर को एक जुलूस में भाग लेने वालों ने अधिकारियों पर आरोप लगाया है कि धर्मांतरण विरोधी कानून के तहत मिशनरियों पर लगाये गये आरोप पर कोई कार्रवाई नहीं की जा रही है। 

उन्होंने एक अल्टीमेटम जारी किया कि यदि प्रशासन दो सप्ताह के अंदर कार्य करने में विफल रही  तो वे धर्मप्रांत में काथलिक कलीसिया द्वारा संचालित अनाथालय के सामने अनिश्चित कालीन हड़ताल शुरू करेंगे।

सागर में इस तरह की परेशानियाँ सितम्बर माह से ही शुरू हो गयी हैं जब सरकारी अधिकारियों ने अनाथालय में काम करने वाले एक काथलिक पुरोहित को बेदखल कर दिया और भूमि के स्वामित्व पर एक विवाद के बाद 20 वर्षों पहले स्थापित मिशन को बंद कर दिया था।

ख्रीस्तीय धर्मगुरूओं का कहना है कि सरकार का कार्य पूरी तरह हिन्दू दल द्वारा उत्प्रेरित है। कट्टरपंथी धर्म जागरण समन्वय समिति के नेता जिन्होंने जुलूस का आयोजन किया था, पत्रकारों से कहा, ″कलीसिया द्वारा समाज सेवा, शिक्षण कार्य एवं स्वास्थ्य सेवा, भोले-भाले लोगों को ईसाई धर्म में परिवर्तित करने के लिए मुखौटा है।"

प्रदर्शनकर्ताओं ने कहा कि वे सरकार के साथ धर्मांतरण विरोधी कानून के तहत कार्य कर रहे हैं एवं वे मिशनरी गतिविधियों का भी अवलोकन करते हैं। मध्य प्रदेश के साथ-साथ देश के पाँच अन्य राज्यों में धर्मांतरण विरोधी कानून लागू किया जा चुका है।

सागर के धर्माध्यक्ष अंतोनी चिरायाथ जिन्होंने जिला अधिकारियों, राज्य के मुख्यमंत्री एवं राज्यपाल को ख्रीस्तीयों की सुरक्षा हेतु एक ज्ञापन सौंपा है, उन्होंने कहा, ″हम बहुत अधिक दबाव में हैं।″   

महाधर्माध्यक्ष चाहते हैं कि ″मीडिया द्वारा ख्रीस्तीयों पर हिन्दूओं का धर्मांतरण कर, कानून का उलंघन करने के गलत एवं दुर्भावनापूर्ण आरोप लगाये जाने के अभियान को रोकने के लिए प्रशासन तत्काल कदम उठाये।"  

एक अज्ञात व्यक्ति ने कहा कि सागर में 300,000 लोग हैं किन्तु 1986 में धर्मप्रांत की स्थापना से लेकर अब तक काथलिकों की संख्या मात्र 1,000 हैं। इन सालों में हमारी संख्या नहीं बढ़ी है जबकि हमपर धर्मांतरण का आरोप लगाया जा रहा है।

सागर जिला में 2.3 मिलियन आबादी में कुल 5,000 ख्रीस्तीय हैं तथा 93 प्रतिशत हिन्दू।

ख्रीस्तीय नेताओं का कहना है कि हिन्दू समर्थक भारतीय जनता दल प्रशासित राज्य, ईसाइयों के खिलाफ हिंसा का पूरा समर्थन कर रहा है जो भारत को एक हिन्दू राष्ट्र बनाना चाहता है। 


(Usha Tirkey)

16/11/2017 15:30